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थैलेसीमिया बाल सेवा योजना के दूसरे चरण की शुरुआत केंद्रीय मंत्री हर्षवर्धन ने की

 

  • भारत के केंद्रीय स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्री डॉ हर्षवर्धन ने 14 अक्टूबर 2020 के दिन नई दिल्ली ke निर्माण भवन से पहले से थैलेसीमिया बाल सेवा योजना के दूसरे चरण की शुरुआत की।
  • केंद्रीय स्वास्थ्य सचिव राजेश भूषण, अतिरिक्त सचिव वंदना गुरनानी और इस मिशन के निदेशक, अध्यक्ष और प्रबंध निदेशक प्रमोद अग्रवाल इस योजना के शुभारंभ के समय पर हाजिर थे।
  • इस योजना में थैलीसेमिया के रोगी जो अस्थि मज्जा प्रत्यारोपण के लिए पात्र हैं और जिनके पास वित्तीय सहायता की कमी है, उनको वित्तीय सहायता दी जाएगी।
  • यह योजना कॉल इंडिया कॉरपोरेशन  सोशियल रिस्पांसिबिलिटी द्वारा वित्त पोषित है।

थैलेसीमिया बाल सेवा योजना के बारे में महत्वपूर्ण जानकारी:

  • इस योजना के तहत 200 मरीजों को हेमटोपोइएटिक स्टेम सेल प्रत्यारोपण के लिए ₹10 लाख की वित्तीय सहायता प्रदान की जाने वाली है।
  • इस योजना को 2020 की साल में 200 एनीमिया मरीजों को कवर करने के लिए लागू किया गया है।
  • इस योजना को 2017 से शुरू किया गया था जिसमें थैलेसीमिया और सिकलसेल रोग जैसे हिमोग्लोबिनोपेथी के इलाज के अवसर प्रदान किए जाते हैं।

थैलेसीमिया रोग के बारे में सामान्य जानकारी:

  • यह रोग रक्त में हीमोग्लोबिन के उत्पादन में कमी के कारण विरासत में मिलता है।  इस रोग के लक्षण  प्रकार पर निर्भर करते हैं जो किसी भी थैलीसेमिया रोगी के लिए गंभीर रूप से भिन्न हो सकते हैं।
  • इस रोक को होने का मुख्य कारण एनीमिया है जिसमें थकावट और रूखी त्वचा महसूस होती है।
  • थैलेसीमिया मुख्य रूप से कोई भी व्यक्ति के माता-पिता से विरासत में प्राप्त हुआ एक आनुवंशिक विकार है।

थैलेसीमिया के मुख्य दो प्रकार है:

  1. अल्फा थैलासीमिया
  2. बीटा थैलेसीमिया
  • इस रोग का निदान उसके प्रकार और गंभीरता पर निर्भर करता है। अधिक गंभीर बीमारी वाले लोगों के उपचार में अक्सर रक्त संचार, आयरन की कमी और फोलिक एसिड शामिल होते हैं।
  • इसरो काम मुख्य उपचार अस्थि मज्जा प्रत्यारोपण भी है।  2015 तक पूरे विश्व में करीबन 280 मिलियन लोग थैलेसीमिया से ग्रसित थे जिसमें से करीबन 439000 लोग गंभीर से ग्रसित थे।
  • यह रोग मुख्य रूप से ग्रीक, मध्य पूर्वी और दक्षिणी एशिया और अफ्रीकी के मूल लोगों में सबसे आम है। 
  • पुरुष और स्त्री में इस रोग का दर समान है।
  • 1990 से लेकर 2015 तक करीबन 16800 मौतें थैलेसीमिया के कारण हुई है। जबकि 1990 तक इस रोग से 36000 लोगों की मौत हो गई थी।

स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय के बारे में सामान्य जानकारी:

गठन: 1976

मंत्रालय का अधिकार क्षेत्र: भारत

हेड क्वार्टर:  कैबिनेट सचिवालय,  नई दिल्ली

वार्षिक बजट: ₹69,000 करोड़

कैबिनेट मंत्री: डॉ हर्षवर्धन

स्वास्थ्य राज्यमंत्री: अश्विनी कुमार चौबे

स्वास्थ्य सचिव: राजेश भूषण

Latest Current Affairs in Hindi: 17th October 2020

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